बुधवार, 24 अप्रैल 2013

देखो मजदूर पाले जा रहे



पी.एम.वी.* की टीचर स्कूल छोड़ घर भागी
अपने बच्चे के प्रति उनकी जिम्मेदारी जागी II

उन्हें याद हुआ की उनके बच्चे का कल इम्तेहान है,
भूल गईं की कल, पी.एम.वी. के बच्चों का भी तो इम्तिहान है II

सी.एम.एस** का इम्तेहान तो पी.एम.वी. पर भारी पड़ता ही है 
और सरकारी तंत्र बखूबी इस अंतर को बनाए रखता ही है II

सड़ते मरते स्कूलों में देखो मजदूर पाले  जा रहे, और
देश चलाने को खैर, सी.एम.एस में बाबू तैयार किये जा रहे II

* पूर्व माध्यमिक विद्यालय
**सी.एम.एस- सिटी मोंटेसरी स्कूल 


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